नवादा। फुलवरिया जलाशय योजना से प्रभावित विस्थापित परिवारों की चार दशक पुरानी समस्याओं का मुद्दा बिहार विधानसभा में उठने के बाद प्रभावित लोगों में न्याय की नई उम्मीद जगी है। लंबे समय से पुनर्वास, मुआवजा और बुनियादी सुविधाओं की मांग कर रहे विस्थापितों ने इस पहल का स्वागत करते हुए इसे अपनी लड़ाई की बड़ी सफलता बताया।
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रविवार को बड़ी संख्या में विस्थापित परिवारों के प्रतिनिधिमंडल ने रजौली विधायक विमल राजवंशी से मुलाकात कर उन्हें पुष्पगुच्छ भेंट किया तथा विधानसभा में उनकी समस्याओं को प्रमुखता से उठाने के लिए आभार व्यक्त किया। प्रतिनिधियों ने कहा कि लगभग 40 वर्षों से वे अपनी मांगों को लेकर विभिन्न स्तरों पर आवाज उठाते रहे, लेकिन पहली बार उनकी पीड़ा सदन तक पहुंची है। इससे उन्हें विश्वास जगा है कि सरकार अब उनकी समस्याओं के समाधान के लिए ठोस पहल करेगी।
विस्थापितों ने कहा कि विधायक द्वारा सदन में उनकी आवाज बुलंद करना उनके अधिकारों की लड़ाई में महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने उम्मीद जताई कि पुनर्वास, मुआवजा और अन्य लंबित मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा। इस अवसर पर विकास कुमार सोलंकी, उपेंद्र भारती, सुमंत सिंह, चंदन पांडे, कुंदन कुमार एवं बिनोद सिंह सहित कई विस्थापित प्रतिनिधि उपस्थित रहे।



