JAIPUR : नींदड़ गांव में जयपुर विकास प्राधिकरण और राज्य सरकार की कथित जबरन भूमि अधिग्रहण नीति के विरोध में चल रहा अनिश्चितकालीन धरना शुक्रवार को 442वें दिन भी जारी रहा। सुबह-सुबह गांव की एक ढाणी में किसानों और महिलाओं ने स्थानीय विधायक एवं उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी का पुतला फूंका और सरकार की नीतियों के खिलाफ जोरदार विरोध दर्ज कराया।
नींदड़ के किसान और कॉलोनीवासी पिछले 442 दिनों से खुले आसमान के नीचे धरना देकर भूमि अधिग्रहण का विरोध कर रहे हैं। किसानों का कहना है कि सरकार उनकी जमीन छीनकर उनके भविष्य से खिलवाड़ कर रही है, लेकिन उनकी आवाज सुनने को कोई तैयार नहीं है।
नींदड़ बचाओ संघर्ष समिति संयोजक नगेन्द्र सिंह शेखावत ने बताया कि 30 जनवरी 2026 को शहीद दिवस के अवसर पर शांतिपूर्ण तरीके से विरोध स्वरूप पुतला दहन किया जा रहा था, तभी प्रशासनिक दबाव में काम कर रही पुलिस ने पुतला जलाने से रोकते हुए किसानों और महिलाओं के साथ बदसलूकी की तथा पुतले को जबरन उठाकर ले गई। इस घटना के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया।
आक्रोश का आलम यह है कि अब नींदड़ गांव की हर ढाणी और कई घरों में प्रतीकात्मक रूप से पुतले जलाए जा रहे हैं और स्वतःस्फूर्त विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। किसानों ने चेतावनी दी है कि यदि उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी किसानों से सीधी बातचीत कर समाधान नहीं निकालतीं, तो यह आंदोलन जयपुर जिले से निकलकर पूरे राजस्थान में फैल सकता है।
किसानों का कहना है कि अब यह सिर्फ जमीन का नहीं, बल्कि सम्मान और अस्तित्व की लड़ाई बन चुकी है। सरकार की चुप्पी और पुलिसिया कार्रवाई से आंदोलन और तेज हुआ है। यदि समय रहते समाधान नहीं हुआ तो जनआक्रोश का दायरा लगातार बढ़ेगा।


