Chandigarh। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी (Chief Minister Naib Singh Saini) ने मंत्रियों के विभागों का बंटवारा करने के बाद शनिवार को चंडीगढ़ में नये मंत्रिमंडल की बैठक लेकर अधिकारियों को गेहूं व सरसों की खरीद के लिए सभी पुख्ता इंतजाम करने के निर्देश दिए। नायब सिंह सैनी (Chief Minister Naib Singh Saini) के मंत्रिमंडल की यह दूसरी बैठक थी। पहली बैठक तब हुई थी, जब उन्होंने पांच कैबिनेट मंत्रियों के साथ मुख्यमंत्री का कार्यभार संभाला था।
अब सभी मंत्रियों को पोर्टफोलियो का आवंटन हो चुका है तो इस दूसरी बैठक में सरकार की प्राथमिकताओं पर बातचीत की गई। लोकसभा चुनाव के कारण चूंकि पूरे देश में आदर्श चुनाव आचार संहिता लगी है, तो ऐसे में मंत्रिमंडल कोई फैसले नहीं ले सकता, लेकिन बैठक में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी (Chief Minister Naib Singh Saini) ने सभी मंत्रियों से कहा कि वे केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं की जानकारी जन-जन तक पहुंचाने के साथ ही अगले वर्षों के एजेंडे पर काम आरंभ कर दें।
बैठक में मंत्रियों से कहा गया कि भले चुनाव आचार संहिता लगी हुई है, लेकिन वह अपना आगे का एजेंडा तैयार रखें। विकास कार्यों को गति प्रदान करनी होगी। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी (Chief Minister Naib Singh Saini) ने मंत्रियों व अधिकारियों से कहा कि वे अपने-अपने क्षेत्र में गेहूं व सरसों की खरीद पर ध्यान दें। किसी किसान को किसी तरह की परेशानी नहीं आनी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने मंत्रिमंडल की बैठक के बाद कहा कि फसल खरीद तथा लोगों को बिजली-पानी देने के मसले पर बातचीत हुई है। आदर्श आचार संहिता लगी हुई है, ऐसे में लोगों को बिजली पानी की कोई दिक्कत न हो, उसके लिए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। साथ ही गेहूं और सरसों की सरकारी खरीद भी शुरू होने वाली है। अधिकारियों को मंडियों में पीने के पानी, बारदाने की उपलब्धता तथा फसल उठान की व्यवस्था समय पर करने को कहा गया है। प्रदेश में सरसों की खरीद 26 मार्च और गेहूं की खरीद एक अप्रैल से शुरू होगी। सरसों के लिए 106 और गेहूं की खरीद के लिए 417 मंडिया/खरीद केंद्र बनाए गए हैं। गेहूं खरीद के भुगतान के लिए 7300 करोड़ रुपये की कैश क्रेडिट लिमिट मंजूर की जा चुकी है।