खूंटी। ग्रामीण और जरूरतमंद लोगों को उनके घर के नजदीक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए विशेष स्वास्थ्य देखभाल केंद्रों की सेवाओं को और प्रभावी बनाया जाएगा। इसे लेकर शुक्रवार को सिविल सर्जन (सीएस) कार्यालय सभागार में बैठक हुई।
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सिविल सर्जन डॉ ललित रंजन पाठक की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित निगरानी, उपलब्ध संसाधनों के बेहतर उपयोग और सहियाओं की भूमिका को मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा की गई।
सिविल सर्जन ने कहा कि विशेष स्वास्थ्य देखभाल केंद्रों का उद्देश्य लोगों को समय पर जांच, परामर्श, दवा और उपचार की सुविधा उपलब्ध कराना है। इसके लिए केंद्रों पर उपलब्ध सेवाओं की नियमित निगरानी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि सहिया ग्रामीण स्वास्थ्य व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। सहियाएं गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं की पहचान कर उन्हें समय पर स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाने में सक्रिय भूमिका निभाएं।
उन्होंने सभी स्वास्थ्यकर्मियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने का निर्देश देते हुए कहा कि ग्रामीणों को सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी भी उपलब्ध कराई जाए, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद लोग इन योजनाओं का लाभ उठा सकें।
बैठक में यूनिसेफ की जिला प्रतिनिधि अन्नपूर्णा देवी, डीपीसी डॉ उदयन शर्मा, डीडीएम श्वेता सिंह, किरण देवी सहित बड़ी संख्या में सहियाएं उपस्थित थीं। अधिकारियों ने जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं की नियमित निगरानी और बेहतर समन्वय के माध्यम से स्वास्थ्य सुविधाओं को अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया।


