RANCHI : राज्य के खजाने से करीब 10,000 करोड़ रुपये के कथित तौर पर गायब होने के आरोपों को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर राज्य सरकार पर गंभीर सवाल खड़े किए।
मरांडी ने कहा कि राज्य के वित्त मंत्री द्वारा बार-बार हिसाब मांगे जाने के बावजूद संबंधित विभागों की ओर से कोई जवाब नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि वित्त मंत्री के निर्देश पर इस मामले में अधिकारियों को बैठक बुलाने को कहा गया था, लेकिन न तो बैठक हुई और न ही किसी स्तर पर जवाब देना जरूरी समझा गया।
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि सरकारी खजाने से लगातार राशि निकाली जा रही है, लेकिन वह पैसा कहां और किस मद में खर्च हुआ, इसका कोई लेखा-जोखा उपलब्ध नहीं है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से वित्त मंत्री के निर्देशों की खुली अवहेलना की जा रही है, उससे यह स्पष्ट संकेत मिलता है कि सरकार की ओर से अधिकारियों को चुप्पी साधने का निर्देश दिया गया है।
बाबूलाल मरांडी ने सत्ता के केंद्रीकरण का आरोप लगाते हुए कहा कि कांग्रेस कोटे के मंत्रियों को पूरी तरह पंगु बना दिया गया है और वे अपने-अपने विभागों में स्वतंत्र रूप से निर्णय लेने की स्थिति में नहीं हैं।
उन्होंने कहा कि यह मामला अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन चुका है। मरांडी के अनुसार, मुख्य सचिव द्वारा पिछले तीन महीनों से जांच से जुड़ी फाइल को दबाकर रखना और सरकार की ओर से कोई स्पष्ट जवाब न दिया जाना संदेह को और गहरा करता है।
नेता प्रतिपक्ष ने स्पष्ट किया कि एक सशक्त विपक्ष की भूमिका निभाते हुए वे इस घोटाले को जनता के सामने लाएंगे और सक्षम जांच एजेंसियों से निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों को सख्त सजा दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेंगे।
Follow our Facebook Page 👉
Follow Us
Follow us on X (Twitter) 👉
Follow Us
Follow our Instagram 👉
Follow Us
Subscribe to our YouTube Channel 👉
Subscribe Now
Join our WhatsApp Group 👉
Join Now
Follow us on Google News 👉
Follow Now



