RANCHI : रांची के हटिया स्थित मंडल रेल प्रबंधक (डीआरएम) कार्यालय में बुधवार को अचानक हलचल मच गई। दरअसल, सीबीआई की एक टीम ने छापेमारी करते हुए रेलवे के चीफ कमर्शियल इंस्पेक्टर को 50 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की पहचान हिमांशु शेखर के रूप में हुई है। वहीं, सीनियर डीसीएम सूची सिंह से भी पूछताछ की जा रही है। बताया जाता है कि सीबीआई की टीम बिना पूर्व सूचना के सुबह दफ्तर पहुंची और सीधे वाणिज्य शाखा में जाकर दस्तावेजों और रिकॉर्ड की जांच शुरू कर दी।
मामले की शुरुआत ठेकेदार अजय त्यागी की शिकायत से हुई। उन्होंने सीबीआई को बताया था कि उनका 8.50 लाख रुपये का बिल लंबित है, जिसके भुगतान के एवज में हिमांशु शेखर 50 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहे थे। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया था कि इस राशि में सीनियर डीसीएम की हिस्सेदारी होने की बात कही जा रही थी। सीबीआई ने शिकायत का सत्यापन करने के बाद कार्रवाई करते हुए आरोपी को पकड़ लिया।
सूत्रों के अनुसार, हटिया रेल मंडल में इमरजेंसी कोटा के दुरुपयोग की शिकायतें भी लंबे समय से मिल रही थीं। आरोप है कि इस कोटा का इस्तेमाल वास्तविक जरूरतमंदों के बजाय प्रभावशाली लोगों और बिचौलियों के माध्यम से किया जा रहा था। जांच टीम बीते कुछ महीनों के आवंटन से जुड़े दस्तावेजों और कंप्यूटर डाटा की गहन जांच कर रही है। साथ ही कर्मचारियों और अधिकारियों से प्रक्रिया को लेकर जानकारी भी जुटाई जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि तय मानकों का पालन हुआ या नहीं।
जांच का फोकस इस बात पर भी है कि कहीं रेलवे कर्मचारियों और बाहरी लोगों के बीच मिलीभगत तो नहीं थी, जिसके जरिए पैसे लेकर टिकट उपलब्ध कराए जाते थे। यदि ऐसा साबित होता है, तो इसे गंभीर अनियमितता माना जाएगा।


