BOKARO : बोकारो से एक बार फिर सनसनीखेज मामला सामने आया है। करीब तीन साल से लापता युवक खालिक बाबू अंसारी का नरकंकाल बरामद होने से इलाके में हड़कंप मच गया है और पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठने लगे हैं। इससे पहले भी पिंडराजोरा थाना क्षेत्र के मधुटांड़ जंगल में पुष्पा कांड के दौरान एक नरकंकाल मिल चुका है।
जानकारी के अनुसार, खालिक बाबू अंसारी बरमसिया थाना क्षेत्र के आरता गांव का निवासी था। उसकी शादी वर्ष 2015 में अलकुशा के हबीब अंसारी की बेटी हिना बीवी से हुई थी। वर्ष 2018 से वह भर्रा बांका पुल के पास शमीम अंसारी के घर में रह रहा था। 16 जून 2022 की रात वह संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गया। दो दिन बाद, 18 जून 2022 को उसकी पत्नी हिना बीवी ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसमें मारपीट के बाद लापता होने की आशंका जताई गई थी।
मामले में लंबे समय तक कोई ठोस प्रगति नहीं हुई। हालांकि, जब यह मामला हाईकोर्ट पहुंचा और वहां से फटकार लगी, तब पुलिस ने सक्रियता दिखाई। वर्ष 2025 में केस को फिर से खोला गया और जांच तेज की गई। जांच के दौरान भर्रा कब्रिस्तान से खालिक अंसारी का नरकंकाल बरामद किया गया।
हैरानी की बात यह है कि हाल के दिनों में दो अलग-अलग स्थानों से नरकंकाल मिले हैं—एक पिंडराजोरा थाना क्षेत्र से और दूसरा चिरा चास थाना क्षेत्र के भर्रा कब्रिस्तान से। लगातार इस तरह की घटनाओं ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। दोनों ही इलाके चास एसडीपीओ प्रवीण सिंह के अधीन आते हैं।
घटना की सूचना मिलते ही चास एसडीपीओ के साथ चास, हरला और सेक्टर-4 थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। एफएसएल टीम ने भी जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने कब्रिस्तान को सील कर दिया है और आम लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।